हर प्राथमिक विद्यालय बनायेगा एक-एक ब्राण्ड एम्बेस्टर बालक-बालिकाःजिलाधिकारी
उरई (जालौन)। जनपद के बेसिक शिक्षा विभाग के भविष्य में मील का पत्थर साबित होगी और यह बहुत अच्छे परिणाम देगी। इस प्रतियोगिता के द्वारा जनपद के बच्चों में प्रतिस्पर्धा की भावना भी विकसित होगी। उक्त बात जिलाधिकारी चांदनी सिंह ने जनपद स्तरीय निपुण बालक, बालिका खोज प्रतियोगिता 2022 का शुभारंभ करते हुये कही।
उन्होंने कहा कि प्रतियोगिता बेसिक शिक्षा विभाग के सभी शिक्षकों के लिये चुनौती है कि हर प्राथमिक विद्यालय से ऐसे निपुण बच्चे तैयार हों जो जनपद स्तर पर अपने विद्यालय के ब्राण्ड एम्बेस्डर के रूप में प्रतिभाग करके विद्यालय के शिक्षा के स्तर को प्रदशिर्त करें और निपुणा जालौन के सपने को साकार कर सकें। जिलाधिकारी ने कायर्क्रम की रूपरेखा का फीता खोलकर अनावरण करके प्रतियोगिता का शुभारंभ किया। विद्यालय स्तर, न्याय पंचायत स्तर, ब्लाक स्तर के बाद जनपद स्तर पर प्रतियोगिता के बाद कक्षा 1, 2 व 3 के चयनित बालक, बालिकाओं को 30 दिसंबर को पुरुस्कार दिया जयोगा। निपुण भारत अभियान के अंतगर्त उत्तर प्रदेश को निपुण प्रदेश बनाने तथा जनपद जालौन को निपुण जनपद बनाने के लिए जनपद के 1188 प्राथमिक एवं कम्पोजिट विद्यालयों के एक अच्छा कक्षा 1 से 3 तक के सभी बालक, बालिकाओं की चार स्तरीय परीक्षा आयोजित की जा रही है। इस अवसर पर परियोजना निदेशक डा. शिवाकांत द्विवेदी, मुख्य चिकित्साधिकारी डा. एनडी शमार्, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी सचिन कुमार, खंड शिक्षाधिकारी मुक्तेश कुमार, अमर सिंह, रंगनाथ चैधरी, शैलेंद्र उत्तम, नेत्रपाल सिंह, ज्ञान प्रकाश अवस्थी, सुनील राजपूत, दिग्विजय सिंह, अंकित सिंह, जिला समन्वयक विश्वनाथ प्रताप दुबे प्रशिक्षण, श्यामजी गुप्ता सामु. सह., सौरभ पाण्डेय निमार्ण, एसआरजी लोकेश पाल, अभिलाष तिवारी, नितिन आनंद पाल उपस्थित रहे।




