जालौन के इस गांव में शुरू हुई भागवत कथा,, कथाचार्य ने सुनाया ये प्रसंग

रिपोर्ट बबलू सेंगर

Jalaun news today । जालौन के क्षेत्रीय ग्राम काशीपुरा में महावीरजी की कुटिया पर पंच कुंडीय विष्णु महायज्ञ व भागवत कथा का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें अरविंद ब्रह्मचारी महाराज ने श्रीकृष्ण जन्मोत्सव का वर्णन किया।
क्षेत्रीय ग्राम काशीपुरा में आयोजित पंचकुंडीय विष्णु महायज्ञ के चौथे दिन सुबह से ही श्रद्धालु यज्ञ स्थल पर पहुंचे। जहां श्रद्धालुओं ने यज्ञ स्थल की परिक्रमा कर आहूतियां अर्पित कीं। इस दौरान कथा वाचक अरविंद ब्रह्मचारी महाराज ने श्रीकृष्ण जन्मोत्सव की कथा का वर्णन कर कहा कि कारागार में जन्म लेकर भगवान ने यह संदेश दिया कि ईश्वर किसी भी परिस्थिति में भक्तों की रक्षा करते हैं। कथा व्यास ने कंस के अत्याचारों, देवकी और वासुदेव की पीड़ा और कारागार में हुए अलौकिक घटनाक्रम वर्णन कर कहा कि भगवान के जन्म के साथ ही कारागार के द्वार स्वयं खुल गए, पहरेदार निद्रा में चले गए और वासुदेव बालक कृष्ण को लेकर यमुना पार गोकुल पहुंचे। कृष्ण जन्म प्रसंग के दौरान पूरा पंडाल नंद के आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की जयकारों से गूंज उठा। कहा कि भगवान श्रीकृष्ण का जन्म अधर्म, अन्याय और अत्याचार के विनाश तथा धर्म की स्थापना के लिए हुआ। जब पृथ्वी पर पाप बढ़ गया और साधु-संतों पर अत्याचार होने लगे, तब विष्णुजी ने श्रीकृष्ण के रूप में अधर्म का नाश करने के लिए पृथ्वी पर अवतार लिया। इस मौके पर पुजारी महावीर महाराज, विशाल महाराज, गोविंद सिंह, आलोक, अरविंद, राकेश, विक्रम, सुशीला, मनीषा, साधना आदि मौजूद रहे।