जालौन क्षेत्र में बारिश की वजह से किसानों के माथे पर आई चिंता की लकीरें, जलमग्न हुए खेत

रिपोर्ट बबलू सेंगर

Jalaun news today । लगातार हो रही है बारिश के चलते खेत जलमग्न है। लगातार पानी बरसने के कारण आसपास के गांवों में किसानों द्वारा बोयी फसल की फसल खराब हो गयी है। खेत में पानी भरे रहने के कारण आगली फसल की बुआई भी प्रभावित हो सकती है।खराबी होती फसल को देखकर किसानों के मस्तिष्क पर चिंता की लकीरें दिखने लगी है।

इस वर्ष बारिश अच्छी हुई है। सावन में अच्छी बारिश को लेकर किसान खुश था कि उनके द्वारा खेतों में बोयी गयी बाजार, तिल, मक्का, ज्वार, मूंगफली की फसल अच्छी होगी जिससे उन्हें मुनाफा होगा। लगातार हो रही बारिश व समतल खेतों से पानी की निकासी की व्यवस्था न होने के कारण मौजा अकोढ़ी दुबे, गायर, सुढ़ार सालाबाद व गायर समेत आसपास खेत पानी से लबालब भरे हुए हैं। खेतों में पानी भरे रहने के कारण खेतों में खड़ी फसल सड़ने लगी है।कम लागत में तैयार होने वाली तिल की लहलहाती फसल को देख कर किसानों के चेहरे खुश दिख रहे थे। अब जब फसल पानी में सड़ने लगी है तो उनके चेहरे पर चिंता की लकीरें परिलक्षित होने लगी है। अपनी आंखों के सामने खराब होती फसल को देखकर किसान परेशान हैं। खेतों से पानी की निकासी न होने के कारण अगली फसल की बुआई भी प्रभावित हो सकती है। इस फसल के खराब होने के बाद अगली फसल को समय से बुआई के लिए चिंतित किसानों राजेंद्र निरंजन 18 एकड़, प्रकाश पाठक 17 एकड़, संजीव द्विवेदी 25 एकड़, निखिल बाथम 10 एकड़, राजीव द्विवेदी, प्रखर द्विवेदी, मेघा द्विवेदी, हेमवती नंदन, विवेक निरंजन, महेन्द्र पाल, दिलीप विश्वकर्मा, प्रदीप निरंजन, शिवपाल सिंह, रामकुमार बाथम ने जिलाधिकारी से खेतों के पानी की निकासी के लिए नाली बनवाने की मांग की है जिससे भविष्य में किसानों की खेत भरने के कारण फसल बर्बाद न हो सके तथा किसानों को हुए नुकसान के लिए मुआवजा दिलाया जाये जिससे उनके हुए नुकसान की भरपाई हो सके।