रिपोर्ट बबलू सेंगर

E-Magzine – उत्तम पुकार न्यूज़
Jalaun news today ।जालौन के औरैया रोड स्थित सतीशचंद्र मिश्रा के आवास पर आयोजित साप्ताहिक श्रीमद्भागवत कथा के सातवें दिन कथा व्यास अनिल त्रिपाठी महाराज ने श्रीकृष्ण-रूकमणि विवाह प्रसंग का वर्णन किया।
कथा व्यास अनिल त्रिपाठी महाराज ने बताया कि रूकमणि माता ने भगवान श्रीकृष्ण को अपने मन से पति रूप में स्वीकार किया था और उनके प्रति अटूट श्रद्धा व प्रेम रखा। जब रूकमणि का विवाह शिशुपाल से तय किया गया तो उन्होंने श्रीकृष्ण को संदेश भेजकर अपनी रक्षा करने और विवाह स्वीकार करने का अनुरोध किया। भगवान श्रीकृष्ण ने धर्म की रक्षा और भक्त की लाज रखने के लिए रूकमणि का हरण कर विधि-विधान से विवाह किया। यह प्रसंग भक्त और भगवान के प्रेम, विश्वास और समर्पण का अद्भुत उदाहरण है। इस मौके पर पारीक्षित सतीशचंद्र मिश्रा, प्रभा देवी, अरविंद मिश्रा, ऊषा देवी, शरद मिश्रा, नारायण मिश्रा, शिवम मिश्रा, पारष मिश्रा, आशा देवी, प्रीति, सुरूचि देवी, अंकित कुमार, कंचन देवी, शिवम मिश्रा आदि मौजूद रहे।







