रिपोर्ट बबलू सेंगर

Jalaun news today । जालौन नगर के हनुमंत साधना धाम में चल रही साप्ताहिक रामकथा के चौथे दिन कथा वाचक रोहित कृष्णाचार्य ने भगवान श्रीराम के जीवन से जुड़ी विविध लीलाओं और प्रसंगों का भावपूर्ण वर्णन करते हुए श्रोताओं को भक्ति रस में सराबोर कर दिया।
कथा के दौरान रोहित कृष्णाचार्य ने कहा, भगवान श्रीराम का जीवन मर्यादा, कर्तव्य और त्याग की मिसाल है। उन्होंने अपने जीवन से यह संदेश दिया कि कठिन परिस्थितियों में भी धर्म और सत्य के मार्ग पर चलना ही सच्चा जीवन है। रामचरितमानस केवल एक ग्रंथ नहीं, बल्कि जीवन जीने की कला है, जिसे यदि हम अपने जीवन में उतार लें तो समस्त दुःख दूर हो सकते हैं।ष् उन्होंने राम वनवास, दशरथ का वियोग, भरत की भक्ति, अयोध्या का विरह और सीता माता की तपस्या जैसे प्रसंगों को विस्तारपूर्वक सुनाया। उन्होंने कहा कि श्रीराम केवल एक राजा नहीं, बल्कि एक ऐसे आदर्श पुरुष हैं जिन्होंने अपने जीवन में सब कुछ त्याग कर लोक कल्याण को प्राथमिकता दी। उनकी नीति, शील और सेवा भाव आज भी मानवता के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं। इस दौरान यज्ञाचार्य अनुज बाजपेई ने विधिवत यज्ञ क्रियाएं संपन्न कराईं, जिससे वातावरण में आध्यात्मिक ऊर्जा और सकारात्मकता का संचार हुआ।

श्रद्धालुओं ने रामकथा श्रवण कर भावविभोर होकर प्रभु श्रीराम के जयघोष लगाए। कथा स्थल पर रमेशचंद्र महाराज, सुशीला देवी, पारीक्षित माया देवी, शिवराम राठौर, विवेक कुमार, अनुराग, विनय, अपर्णा, सुषमा, आरती, वंदना, गीता देवी आदि मौजूद रहे।





