रिपोर्ट बबलू सेंगर

Jalaun news today । जालौन नगर व आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में प्रतिबंधित आम, नीम, शीशम आदि की अवैध कटान का सिलसिला लगातार जारी है। आरोप है कि बंगरा रोड स्थित आरा मशीन पर प्रतिबंधित शीशम की लकड़ी की चिराई चल रही है।
एक ओर जहां नीम वृक्ष को आयुर्वेदिक दृष्टिकोण से अत्यंत उपयोगी और औषधीय माना गया है, यही कारण है कि इसके कटान पर रोक लगाई गई है। यही हाल आम के वृक्ष का भी है। शीशम के वृक्ष की लकड़ी भी उपयोगी है। लेकिन वन विभाग की ढिलाई और मिलीभगत के चलते कई क्षेत्रों में लकड़ी माफिया सक्रिय हैं। वे पुराने परमिट को दिखाकर लंबे समय तक कटान और बिक्री करते रहते हैं। स्थानीय नागरिकों ने आरा मशीन पर चल रही चिराई पर सवाल खड़े किए हैं। नगर में संचालित आरा मशीनों पर प्रतिबंधित लकड़ी की चिराई लगातार जारी है। बंगरा रोड स्थित एक आरा मशीन पर प्रतिबंधित शीशम की लकड़ी की चिराई की जा रही है। विनय, जसवंत आदि ने बताया कि इन लकड़ियों की बाजार में अच्छी कीमत मिलने के कारण इसकी मांग अधिक रहती है, और इसी का फायदा उठाकर कुछ लोग अवैध तरीके से व्यापार कर रहे हैं। लोगों ने डीएम से मांग की है कि इस मामले की गंभीरता से जांच कराई जाए और पुराने परमिटों की आड़ में हो रही अवैध कटान पर तत्काल रोक लगाई जाए।






