जालौन जनपद के इस क्षेत्र में जान का दुश्मन बनी लघु सेतु की एप्रोच सड़क, धंसने से हादसे का बढ़ा खतरा

सुरक्षा की दृष्टि से चेतावनी संकेतक और बैरिकेडिंग लगाने की मांग

ब्यूरो रिपोर्ट

Orai / jalaun news today । जालौन जनपद में एट-भीखेपुर स्टेट हाईवे-152 पर रामपुरा और जगम्मनपुर के बीच महूटा के पास निर्मित लघु सेतु की एप्रोच सड़क धंस जाने से राहगीरों और वाहन चालकों की सुरक्षा पर गंभीर संकट उत्पन्न हो गया है। सड़क का एक हिस्सा करीब एक फुट तक धंस गया है, जिससे पुल की एप्रोच पर गहरा गड्ढा बन गया है और दुर्घटना की आशंका लगातार बनी हुई है।
स्थानीय लोगों के अनुसार लघु सेतु का निर्माण कार्य अभी पूरी तरह पूर्ण भी नहीं हुआ है, लेकिन एप्रोच की मिट्टी बैठने से सड़क क्षतिग्रस्त हो गई। इससे निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। लोगों का कहना है कि यदि निर्माण के दौरान मानकों के अनुरूप मिट्टी का भराव और सुदृढ़ीकरण किया गया होता तो सड़क इतनी जल्दी नहीं धंसती। यह मार्ग रामपुरा, जगम्मनपुर सहित आसपास के कई गांवों को जोड़ने वाला प्रमुख संपर्क मार्ग है, जहां से प्रतिदिन बड़ी संख्या में दोपहिया, चारपहिया, मालवाहक तथा यात्री वाहन गुजरते हैं। सड़क धंसने के कारण विशेष रूप से रात के समय वाहन चालकों को अधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अनजान वाहन चालक क्षतिग्रस्त हिस्से का अनुमान नहीं लगा पाते, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। ग्रामीणों ने लोक निर्माण विभाग और संबंधित ठेकेदार पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि निर्माण कार्य पूरा होने से पहले ही सड़क का धंस जाना गुणवत्ता की पोल खोल रहा है। उनका कहना है कि यदि समय रहते मरम्मत नहीं कराई गई तो बरसात के दौरान स्थिति और गंभीर हो सकती है तथा सड़क का बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त हो सकता है। क्षेत्रीय लोगों ने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों से तत्काल मौके का निरीक्षण कर क्षतिग्रस्त एप्रोच सड़क की मरम्मत कराने, सुरक्षा की दृष्टि से चेतावनी संकेतक और बैरिकेडिंग लगाने तथा निर्माण कार्य की गुणवत्ता की जांच कराने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि किसी बड़े हादसे के बाद कार्रवाई करने के बजाय विभाग को पहले ही आवश्यक कदम उठाने चाहिए, ताकि लोगों की जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।