रिपोर्ट बबलू सेंगर

Jalaun news today । जालौन क्षेत्र में बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे पर खड़े डंपर में पीछे से आ रहे दूसरे डंपर की जोरदार टक्कर हो गई। हादसा इतना भीषण था कि डंपर का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें फंसे खलासी की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद चालक मौके से फरार हो गया। सूचना पर पुलिस, एक्सप्रेस-वे कर्मी और एंबुलेंस टीम मौके पर पहुंची। काफी मशक्कत के बाद खलासी को बाहर निकालाकर सीएचसी पहुंचाया गया। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
शनिवार की रात झांसी की ओर से एक डंपर गिट्टी लादकर औरैया की ओर जा रहा था। रास्ते में बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे के किमी संख्या 205 के पास वाहन खराब हो जाने पर चालक ने उसे सड़क किनारे खड़ा कर दिया। रविवार सुबह करीब पांच बजे बालू से भरा दूसरा डंपर भी औरैया की ओर जा रहा था। चालक को आगे खड़ा डंपर दिखाई नहीं दिया और तेज रफ्तार डंपर पीछे से उसमें जा घुसा। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि पीछे वाले डंपर का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। लगभग पांच छह फीट तक अंदर घुस गया। मौजूद लोगों के अनुसार डंपर झांसी जनपद के ग्राम भोजना निवासी अरुण कुमार चला रहा था, जबकि चालक चंचल बगल में सो रहा थ। हादसे में घायल अरुण कुमार गंभीर रूप से घायल हो गया और चालक चंचल मौके से भाग निकला। राहगीरों ने हादसे की सूचना यूपी 112 को दी। सूचना मिलते ही छिरिया मलकपुरा चौकी प्रभारी आलोक पाल, बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे की एंबुलेंस सेवा एवं पुलिस बल मौके पर पहुंच गए। डंपर में फंसे युवक को बाहर निकालने के लिए काफी प्रयास किए गए। बाद में जेसीबी और हाइड्रा मशीन की मदद ली गई। काफी मशक्कत के बाद घायल को बाहर निकालकर सीएचसी पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हादसे के कारण एक्सप्रेस-वे पर यातायात भी प्रभावित रहा। दोनों क्षतिग्रस्त वाहनों के सड़क पर फंसे रहने से वाहनों की आवाजाही बाधित हो गई। लगभग चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद जेसीबी और हाइड्रा की सहायता से दोनों डंपरों को अलग किया जा सका। इसके बाद मार्ग को साफ कर यातायात सुचारु कराया गया। इस दौरान वाहनों को एक ही लेन से निकाला गया। वहीं, पुलिस ने मृतक के परिजनों को सूचना देकर शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
एक लाइन से चल रहा था ट्रैफिक, बालू लदे वाहन से टकराई डीएएम,मजदूर घायल

जालौन। बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे पर रविवार सुबह करीब ढाई घंटे के अंतराल में दूसरा बड़ा सड़क हादसा हो गया। पहले हुए डंपर हादसे के कारण एक्सप्रेस-वे की एक लेन बंद थी और दोनों ओर का यातायात एक ही लेन से संचालित कराया जा रहा था। इसी दौरान मजदूरों से भरी एक डीसीएम आगे चल रहे वाहन से टकराने से बचने के प्रयास में बेकाबू होकर सामने से आ रहे बालू लदे डंपर से भिड़ गई। हादसे में डीसीएम में सवार एक दर्जन से अधिक मजदूर घायल हो गए, जिनमें आठ की हालत गंभीर होने पर उन्हें उच्च संस्थान रेफर किया गया।
अलीगढ़ क्षेत्र से ईंट भट्टे पर काम करने वाले करीब आधा सैकड़ा से अधिक मजदूरों को लेकर एक डीसीएम राठ-महोबा की ओर जा रही थी। इससे करीब ढाई घंटे पहले किमी संख्या 205 के पास डंपरों की भिड़ंत के कारण एक्सप्रेस-वे की एक लेन बाधित हो गई थी। यातायात को सुचारू बनाए रखने के लिए दोनों दिशाओं के वाहनों को एक ही लेन से निकाला जा रहा था। सुबह करीब साढ़े सात बजे जब मजदूरों से भरी डीसीएम किमी संख्या 207 औरेखी के पास पहुंची, तभी उसके सामने चल रहे एक वाहन की गति अचानक धीमी हो गई। टक्कर से बचाने के लिए चालक ने डीसीएम को मोड़ने का प्रयास किया, लेकिन इसी दौरान सामने से आ रहे बालू लदे डंपर से उसकी आमने-सामने की भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी तेज थी कि डीसीएम और डंपर दोनों के अगले हिस्से क्षतिग्रस्त हो गए। हादसे के बाद डीसीएम में सवार मजदूरों में चीख-पुकार मच गई। कई मजदूर सामान के बीच फंस गए। सूचना मिलते ही यूपी-112, एक्सप्रेस-वे की राहत एवं बचाव टीम और पुलिस मौके पर पहुंच गई। बचाव दल ने 13 घायलों को वाहन से बाहर निकालकर एंबुलेंस की सहायता से सीएचसी पहुंचाया। सीएचसी में चिकित्सकों ने गंभीर रूप से घायल आठ मजदूरों उच्च संस्थान रेफर कर दिया गया। अन्य घायलों को उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। लगातार दो हादसे के बाद एक्सप्रेस-वे पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। पुलिस और राहत दल ने क्षतिग्रस्त वाहनों को हटवाकर यातायात व्यवस्था को सामान्य करने का प्रयास किया।
-यह हुए घायल-
महोबा के पहाड़ी बसेला निवासी मलखंम, किरन, सुरेश, देवेंद्र, राजाराम को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। वहीं, गंभीर रूप से घायल पहाड़ी बसेला निवासी परदेशी, ज्ञानवती, मायावती, पप्पू, अमरसिंह, रामगोपाल, अलीगढ़ निवासी प्रेमशंकर और मथुरा निवासी धर्मवीर को उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उच्च संस्थान रेफर किया गया।







