अपनी बदहाली पर आंसू बहा रहा जालौन का चुर्खी बाबई रोड,,बनी रहती दुर्घटना की आशंका

रिपोर्ट बबलू सेंगर

Jalaun news today ।जालौन नगर के देव नगर चौराहे से अक्षदा गार्डन तक जाने वाला चुर्खी-बाबई रोड नगर क्षेत्र में लगभग एक किमी जर्जर है। जगह-जगह गहरे गड्ढे, उखड़ी डामर के चलते सड़क राहगीरों के लिए परेशानी का कारण बन गई है। बरसात के दिनों में गड्ढों में पानी भर जाने से लोगों को यह तक पता नहीं चल पाता कि सड़क कहां है और गड्ढा कहां। ऐसे में हर समय दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।
नगर के देवनगर चौराहे से चुर्खी मार्ग नगर के सबसे व्यस्त मार्गों में गिना जाता है। इसी सड़क पर चार इंटर कॉलेज, तीन डिग्री कॉलेज, निजी विद्यालय, कोचिंग संस्थान और पुस्तकालय संचालित हैं। इसी मार्ग पर हाल ही में निर्मित रोडवेज बस स्टैंड, अस्पताल, फायर स्टेशन, व्यापारिक प्रतिष्ठान और आवासीय कॉलोनी भी स्थित हैं। प्रतिदिन काफी संख्या में छात्र-छात्राएं इसी मार्ग से विद्यालय और कॉलेज आते-जाते हैं। सुबह और दोपहर के समय सड़क पर विद्यार्थियों की भारी आवाजाही रहती है, लेकिन बदहाल सड़क के कारण उन्हें रोज जोखिम उठाकर इस सड़क से होकर निकलना पड़ रहा है। सड़क की खराब स्थिति का सबसे अधिक असर ई-रिक्शा और दोपहिया वाहन चालकों पर पड़ रहा है। इस रोड के गड्ढों में ई-रिक्शा अक्सर असंतुलित होकर पलट जाते हैं, जिससे सवारियां घायल होती हैं। बाइक और स्कूटी चालक भी गड्ढों से बचने के प्रयास में दुर्घटना का शिकार हो जाते हैं। बारिश के दौरान स्थिति और भी भयावह हो जाती है, क्योंकि गड्ढों में पानी भरने से वह दिखाई नहीं देते हैं। नगर के अनुराग, अशोक, विकास आदि कहते हैं कि लंबे समय से सड़क की मरम्मत की मांग की जा रही है, लेकिन जिम्मेदार केवल आश्वासन देकर मामले को टाल देते हैं। ऐसे में स्कूल जाने वाले बच्चों, मरीजों, बुजुर्गों और महिलाओं को सबसे अधिक परेशानी उठानी पड़ रही है। 25 जुलाई को मुख्यमंत्री के प्रस्तावित जनपद भ्रमण को लेकर प्रशासन विभिन्न व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने में जुटा हुआ है। ऐसे में लोगों के बीच यह चर्चा भी है कि क्या मुख्यमंत्री के आगमन से पहले नगर की इस प्रमुख सड़क की ओर भी जिम्मेदार अधिकारियों का ध्यान जाएगा या फिर यह मार्ग अपनी बदहाली के साथ ही लोगों की परेशानी बढ़ाता रहेगा। स्थानीय लोगों ने जिलाधिकारी तथा लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों से मांग की है कि देव नगर चौराहे से अक्षरा गार्डन तक सड़क का तत्काल स्थलीय निरीक्षण कराया जाए। साथ ही गड्ढों की मरम्मत के बजाय पूरी सड़क का गुणवत्तापूर्ण पुनर्निर्माण कराया जाए, ताकि विद्यार्थियों, मरीजों, व्यापारियों और आम नागरिकों को सुरक्षित एवं सुगम आवागमन की सुविधा मिल सके। उनका कहना है कि नगर के शिक्षा और स्वास्थ्य से जुड़े इस महत्वपूर्ण मार्ग की अनदेखी अब किसी भी स्थिति में उचित नहीं है।