खुले स्कूल,लौटी रौनक,, इस स्कूल में हुआ विशेष स्वागत कार्यक्रम

रिपोर्ट बबलू सेंगर

Jalaun news today।जालौन में ग्रीष्मकालीन अवकाश के बाद बुधवार को विद्यालय खुलने पर छात्र-छात्राओं का उत्साहपूर्वक स्वागत किया गया। स्कूल पहुंचे बच्चों का तिलक लगाकर, फूल-मालाएं पहनाकर एवं मिठाई खिलाकर स्वागत किया गया।
नगर के डीडी मेमोरियल स्कूल में नए शैक्षणिक सत्र के शुभारंभ पर विशेष स्वागत कार्यक्रम आयोजित किया गया। विद्यालय के प्रवेश द्वार पर शिक्षकों ने छात्र-छात्राओं का तिलक लगाकर एवं पुष्पमालाएं पहनाकर स्वागत किया। विद्यालय के निदेशक डॉ. हरेंद्र सिंह ने कहा कि शिक्षा केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि बच्चों के व्यक्तित्व निर्माण का सबसे सशक्त माध्यम है। नए सत्र की शुरुआत नए उत्साह और नई ऊर्जा के साथ करनी चाहिए। विद्यार्थियों को नियमित रूप से विद्यालय आकर अनुशासन, परिश्रम और लगन के साथ अध्ययन करना चाहिए, तभी वे अपने लक्ष्य को प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने अभिभावकों से भी बच्चों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने और उनकी पढ़ाई में सहयोग करने की अपील की। इस अवसर पर शिक्षकों ने बच्चों को नए शैक्षणिक सत्र की शुभकामनाएं देते हुए मन लगाकर पढ़ाई करने, विद्यालय के अनुशासन का पालन करने और सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में भी बढ़-चढ़कर भाग लेने के लिए प्रेरित किया। इसके अलावा परिषदीय वि़द्यालयों में स्कूल चलो अभियान रैली निकाली गईं।

परिवहन अधिकारी ने चलाया स्कूली वाहनों का चेकिंग अभियान

जालौन। शिक्षा सत्र के पहले दिन से ही परिवहन अधिकारी ने स्कूलों वाहनों का चेकिंग अभियान शुरू कर दिया। पहले दो स्कूलों को नियमों के उल्लंघन करने में पकड़ लिया और उन्हें कोतवाली पुलिस को सुपुर्द कर दिया। स्कूल वाहन में मौजूद बच्चों को अपनी गाड़ी से स्कूल भेजा। परिवहन अधिकारी ने स्कूल संचालक से विद्यालय समिति के घटन करने व वाहनों की फिटनेस के आवश्यक कागजात पूर्ण कराने के निर्देश दिए।
एआरटीओ राजेश कुमार वर्मा ने नए शिक्षा सत्र के शुरू होते ही नगर में सघन चेकिंग अभियान चलाया। चेकिंग के दौरान परिवहन विभाग की टीम ने दो विद्यालयों की मैजिक गाड़ियों को पकड़ लिया। पकड़े वाहन चालकों से गाड़ी के आवश्यक कागजात मांगे। निरीक्षण के दौरान आवश्यक कागजात उपलब्ध न करा पाने और वाहनों को सुरक्षा मानकों के अनुरूप नहीं पाने पर एआरटीओ ने पकड़े गए दोनों वाहनों को सीज करने की बात कही और पकड़े गए दोनों वाहनों को पुलिस अभिरक्षा में कोतवाली परिसर में खड़ा करा दिया। जब एआरटीओ ने स्कूल संचालकों से कहा कि वाहनों के फिटनेस व आवश्यक कागजात तैयार करा ले, इसमें लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बच्चों के जीवन से खिलवाड़ न हो इसके लिए स्कूल संचालक विद्यालय समिति का गठन कर लें। जिसमें स्कूल प्रबंधक, पुलिस, अभिभावक, वाहन स्वामी आदि हों। यह समिति समय समय पर वाहनों की निगरानी करें। उन्होंने अभिभावकों को भी अपने बच्चों के प्रति सदैव सतर्क रहने की सलाह देते हुए कहा कि अगर वाहन की फिटनेस न हों, क्षमता से अधिक बच्चे हों, चालक ओवर स्पीड में अथवा धूम्रपान या नशे की हालत में वाहन चलाता हुआ मिले तो इसकी शिकायत अवश्य करें, जिससे बच्चों का जीवन सुरक्षित रहे।