रिपोर्ट बबलू सेंगर

Jalaun news today । जालौन क्षेत्र में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट की शिक्षा के प्रति पहल का असर देखने को मिल रहा है। ब्लॉक क्षेत्र के ग्राम छानी खास 10 और शेखपुर बुजुर्ग में 2 वृद्धजनों ने गांव के प्राथमिक, उच्च प्राथमिक विद्यालयों की कक्षाओं में दाखिला लिया। इस पहल से ग्रामीण खुश नजर आ रहे हैं।
रविवार को ज्वाइंट मजिस्ट्रेट रिंकू सिंह राही ने तहसील क्षेत्र के ग्राम छानी खास और शेखपुर बुजुर्ग पहुंचे थे। तहां उन्होंने ग्रामीणों से गांव के विकास को लेकर संवाद किया था। जब वह ग्रामीणों से बात कर रहे थे तो उन्हें समझ आया कि गांव के कई बुजुर्ग ऐसे हैं जो साक्षर नहीं हैं। इसको लेकर उन्होंने ग्रामीणों से अपील करते हुए कहा था कि सीखने की कोई उम्र नहीं होती है। उम्र के किसी भी पड़ाव पर कुछ भी सीखा जा सकता है। जैसे पहले कोई नई तकनीक आती है तो सब उसे सीखने का प्रयास करते हैं। तकनीक आने पर उसे छोड़ा नहीं जाता है। यही कुछ शिक्षा भी है। यदि किसी कारणवश आप बचपन या युवावस्था में शिक्षा प्राप्त नहीं कर सके तो अभी भी आप शिक्षा प्राप्त कर सकते हैं। इसके लिए जरूरी है कि विद्यालय में अपना प्रवेश कराएं। एसडीएम की अपील का यह असर हुआ कि दो दिनों में दोनों गांव के एक दर्जन वृद्धजनों ने गांव के प्राथमिक और उच्च प्राथमिक वि़द्यालय पहुंचकर अपना दाखिला करा लिया। जिनमें छानी खास गांव के देवीदीन (62), वंशगोपाल (64), भुलईं (73), मिश्रीलाल (65), किरन (58), टीकाराम (65) राममूर्ति (66) व फूलन देवी (56) ने प्राथमिक कक्षाओं में और उच्च प्राथमिक विद्यालय में कालका प्रसाद (72) व राजादुलैया (70) ने प्रवेश लिया। शेखपुर बुजुर्ग गांव में भी 72 वर्षाीय बृजबिहारी गोस्वामी और 50 वर्षीय गुड्डी देवी वाल्मीकि ने भी अपना प्रवेश कराया और ंबच्चों के साथ शिक्षा प्राप्त की। एसडीएम की इस पहल की सभी ग्रामीण सराहना कर रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि यदि सभी शिक्षित हों तो किसी को भी किसी दस्तावेज में अंगूठा लगाने की जरूरत न रहेगी।





